इज़राइल ने ईरान के खिलाफ बड़े पैमाने पर हवाई और कमांडो अभियान शुरू किया, जिसका लक्ष्य सैन्य नेताओं, वायु रक्षा प्रणालियों और नाटांज़ परमाणु सुविधा को निशाना बनाना था। इस हमले में इज़राइल की महत्वपूर्ण खुफिया क्षमताओं का प्रदर्शन किया गया, जिसका उद्देश्य ईरान के सैन्य कमान और परमाणु कार्यक्रम को तहस-नहस करना था। हालांकि ईरान ने नाटांज़ में किसी भी हताहत की सूचना नहीं दी, लेकिन इज़राइल ने महत्वपूर्ण क्षति का दावा किया है। ईरान के जवाबी विकल्प, जिसमें बैलिस्टिक मिसाइल और साइबर हमले शामिल हैं, इज़राइल की वायु श्रेष्ठता और हिज़्बुल्लाह जैसे क्षेत्रीय प्रतिनिधियों के समर्थन की कमी से सीमित हैं। संघर्ष की अवधि अनिश्चित बनी हुई है, जो संभावित रूप से हफ़्तों तक चल सकती है।
Prepared by Rachel Morgan and reviewed by editorial team.
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